नई दिल्ली: राष्ट्रीय जाँच एजेंसी (NIA) ने देश को दहलाने की एक बड़ी आतंकी साज़िश का समय रहते भांडाफोड किया है। एजेंसी ने बीते 48 घंटों में देश के 7 प्रमुख राज्यों के 15 से अधिक ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की और लगभग 15 संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। ये गिरफ्तारियां आतंकी संगठनों, खासकर इस्लामिक स्टेट (IS) और उससे प्रेरित गुटों के स्लीपर सेल से जुड़े होने के शक में की गई हैं।
साज़िश का नेटवर्क और कार्रवाई
NIA सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार किए गए संदिग्धों का नेटवर्क उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, तमिलनाडु और कर्नाटक जैसे राज्यों तक फैला हुआ था। ये संदिग्ध सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से कट्टरपंथी सामग्री का प्रचार कर रहे थे और स्थानीय स्तर पर नए सदस्यों की भर्ती करने में जुटे थे।
जाँच एजेंसी ने इन गिरफ्तारियों के दौरान भारी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्री, डिजिटल उपकरण, जिहादी साहित्य, और कुछ गुप्त दस्तावेज़ बरामद किए हैं। बरामदगी में कई मोबाइल फोन, लैपटॉप, और संदिग्ध बैंक खातों के विवरण शामिल हैं, जिनसे इनके विदेशी फंडिंग से जुड़े होने की आशंका है।
युवाओं को भड़काने का षडयंत्र
NIA का मानना है कि यह गिरोह देश के युवाओं को निशाना बना रहा था और उन्हें ‘लोन वुल्फ अटैक’ (अकेले हमला) के लिए उकसा रहा था। इनकी योजना आगामी त्यौहारों या बड़े राजनीतिक आयोजनों को निशाना बनाने की थी, ताकि देश में अस्थिरता और डर का माहौल पैदा किया जा सके।
गिरफ्तार संदिग्धों को अब दिल्ली और संबंधित राज्यों की NIA विशेष अदालतों में पेश किया जाएगा और एजेंसी आगे की जाँच के लिए इनकी हिरासत माँगेगी। NIA ने इन सभी के खिलाफ गैरकानूनी गतिविधि अधिनियम (UAPA) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
देश में हाई अलर्ट जारी
इन गिरफ्तारियों के बाद, केंद्रीय गृह मंत्रालय ने देश के सभी प्रमुख शहरों और संवेदनशील क्षेत्रों में हाई अलर्ट जारी कर दिया है। सुरक्षा एजेंसियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे सार्वजनिक स्थानों, रेलवे स्टेशनों और हवाई अड्डों पर निगरानी बढ़ा दें। जनता से भी अपील की गई है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। इस बड़ी कार्रवाई से साफ़ है कि देश की आंतरिक सुरक्षा को तोड़ने वाले हर प्रयास को सख्ती से कुचला जाएगा।





